Save water save life #cuttingpaani ,

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Save water save life #cuttingpaani ,

दोस्तों आज इंडीब्लॉगर के सौजन्य से कटिंग पानी पर अपने विचार व्यक्त करने का मौका मिला ये मेरे लिए बड़े

सौभाग्य की बात है , मनुष्य एक सामाजिक प्राणी है , समाज के प्रति हर नागरिक के कुछ दायित्व बनते हैं , अगर आप

इन दायित्वों का अच्छे से निर्वहन कर ले जाते हैं ये आपकी खुद में एक बहुत बड़ी उपलब्धि है , गर्मी का मौसम सुरु है

और मुंबई जैसे मेट्रो शहर में लगभग हर सोसाइटी में पानी की कटिंग चालू हो जाती है , हमने देखा है लोगों को पानी के

लिए बहुत किल्लत का सामना करना पड़ता है , यहां दो से तीन दिन में एक बार ही पानी आता है , जिसके कारण हमारा

जीवन अस्तव्यस्त हो जाता है , चलिए बात करते हैं कुछ बिंदुओं पर जिससे हम काफी हद तक पानी बचा सकते हैं ,

 

१ – ज़्यादातर फ्लैट्स में इनडोर पानी की टंकियां लगी होती है , जो २०० से ४०० लीटर या उससे भी ज़्यादा की हो सकती

हैं , इनमे पानी आने और टंकी भर जाने पर वॉल्व बंद करने की सुविधा होती है , कुछ लोग ध्यान नहीं देते हैं की टंकी

भर जाने पर ओवरफ्लो वाला वॉल्व बंद कर दें जिससे , बहुत ज़्यादा पानी फालतू में बह जाता है , अगर आपका

ओवरफ्लो वाला वॉल्व सही नहीं काम कर रहा है उसे फ़ौरन बदलवा दे ,

 

२ – कुछ नल की टोटियां टपकती रहती हैं , अगर ऐसी समस्या आपके फ्लैट में हैं तो आप तुरंत टोटियां बदल दे , इससे

भी पानी की बचत होगी ,

 

३ – हम घर में शुद्ध पानी पीने के लिए महगे महगे आर . ओ . लगवा के रखते हैं , जिससे हम स्वस्थ रहें , इन आर .

ओ . से जब पानी छानता है तो दूसरी तरफ वास बेसिन में एक ब्लू कलर की पाइप लगी होती है , जिससे अपशिष्ट पानी

लगातार निकलता रहता है , और वाशबेसिन के माध्यम से नाली में बह जाता है , वो इतना गन्दा पानी नहीं होता है उसे

आप फल सब्ज़ियां धोने टॉयलेट आदि में आराम से उपयोग कर सकते हैं ,फल सब्जियां धोने के बाद आप इस पानी का

उपयोग गमलों में और घर के बगीचे में पानी देने के लिए कर सकते हैं । उस अपशिष्ट पानी को स्टोर करने के लिए वहा

एक टब या बाल्टी रख ले , अगर आप ऑफिस वर्कर हैं तो आर . ओ . बंद करके ही ऑफिस जाएँ ।

 

४ – हम नहाने के लिए टंकी का पानी उपयोग करते हैं जो प्रायः गरम रहता है , और नहाने पर संतुष्टि नहीं देता है , और

हम ज़्यादा पानी बर्बाद कर देते हैं , नहाने केलिए आप पानी अलग से बाल्टी या टब में निकाल कर रख ले , जिसका

तापमान टंकी के पानी से कम होता है , और नहाने के लिए कम पानी में भी ज़्यादा अच्छी संतुष्टि देता है ।

 

५ – फैशन के इस दौर में हर आदमी १० से २० जोड़े कपडे साज के रखता है , और उसे गन्दा होने पर तुरंत साफ़ करने में

लग जाता है अगर आप इस तरह के फोबिया के शिकार है तो , अगर आपके पास १० जोड़ी कपडे हैं तो ८ जोड़ी कपडे

हफ्ते भर पहने , जब आठ जोड़े कपडे गंदे हो जाएँ तो इन्हे एक २ या चार के क्रम में धोएं ,जब आपके पास पर्याप्त पानी

हो उसी दिन धोये , धोने के लिए इन्हे २ से चार जोड़ी कपडे धोने के लिए दो बाल्टी पानी पर्याप्त होता है , कपडे धोने

केलिए अपने बजट के हिसाब से अच्छे डिटर्जेंट पाउडर का उपयोग करें अगर आप धोने के पहले १ घंटे तक बाल्टी या टब

में फूलने दें तो इससे बेस्ट कुछ नहीं होगा , इसके बाद इन्हे डिटर्जेंट वाले पानीसे अलग कर के नल की टोटी के ऊपर टांग

दे और नीचे एक बाल्टी रख से ताकि पानी निथर कर टब में स्टोर हो जाए , अब जिस पानी में इन्हे धोना है उसे अलग

अलग बाल्टी में आधा आधा करले , इसके बाद कपड़ों को पहली बाल्टी में निचोए फिर नल की टोटी पर टांग दे और नीचे

वही गंदे पानी वाली बाल्टी रख दे ताकि पानी निथर कर इस बाल्टी में आजाये , अब लगभग ५ मिनिट बाद पुनः दूसरी

साफ़ पानी की आधी भरी बाल्टी , में इन्हे निचोए और निथरने वाले पानी को दूसरी बाल्टी में पानी स्टोर कर ले । ये

आखरी वाला पानी आप घर के जूठे बर्तन को फुलाने और फर्स्ट वास के लिए उपयोग कर सकते हैं । और कपडे धोने पर

निकले पहली बाल्टी के ज़्यादा गंदे वाले पानी को , टॉयलेट फ्लश में उपयोग में लाया जा सकता है ।

 

६ – अगर आपके घर में बहुत ज़्यादा बड़े बुजुर्ग हैं जो उठ बैठ नहीं सकते या जिन्हे बार बार टॉयलेट जाना पड़ता है उन्हें

आप नैपी पैड्स पहना सकते हैं जो की बाजार में हर साइज में आसानी से मिल जाते हैं ।

 

७ – बच्चों को पानी हमेशा छोटा गिलास में दे , वो बड़ों के गिलास का पानी पूरा नहीं पी पाते हैं , और बड़े गिलास में

पानी पीने में उन्हें ज़्यादा रूचि भी नहीं होती है ।

 

८- दोपहर के समय जब घर के सभी मेंबर्स आराम कर रहे होते हैं तभी बच्चे ज़्यादा सैतानी करते हैं , नल की टोटियां

खोल देते हैं इन्हे पानी से खेलने में बहुत मज़ा आता है , इसलिए इनपर कड़ी नज़र रखना बेहद आवश्यक है ।

 

९- कुछ महाशय को गुटखा खाकर दिन भर वाश बेसिन में थूकने क आदत होती है और बार बार नल चालू करके पानी

बहाते हैं , उनके लिए ख़ास हिदायत है एक पीकदान अजमास ले और उसी में कुल्ला करें । घर भी साफ रहेगा पानी भी

बचेगा ।

 

१० – कोशिश करें की जब नल आये तो पानी चलते ही घर के सभी मेंबर नहा धोकर फ्रेश हो जाए , स्टोर किया हुआ पानी

अगले दिन काम आएगा ।

 

११- इनडोर टंकी के साथ दो चार टब और घर में पानी स्टोर करके रखने की आदत डाल लें अगर दो चार दिन पानी नहीं

भी आता है तो आपका काम चलता रहेगा ।

 

इस तरह बहुत सी ऐसी छोटी छोटी बातें हैं जिनसे आप अच्छा खासा पानी बचा सकते हैं और ज़रुरत मंदों की मदद करके

पुण्य कमा सकते हैं । एक बात और अपने घर की खिडकियों में एक बर्तन में पानी भरकर ज़रूर रखें ताकि कोई परिंदा

बिना पानी के प्यासा न भटके ।

शौचालय एक दर्द कथा ,

pix taken by google